फ़रीदाबाद के चहुँमुखी विकास को लेकर भारत सेवा प्रतिष्ठान ने किया परिचर्चा का आयोजन

फ़रीदाबाद : फ़रीदाबाद के चहुँमुखी विकास को लेकर भारत सेवा प्रतिष्ठान ने अरावली गोल्फ क्लब में परिचर्चा का आयोजन किया जिसमें केंद्रीय राज्य मंत्री कृष्णपाल गुर्जर ने शिरकत की! कार्यक्रम में भारत सेवा प्रतिष्ठान के चेयरमैन श्रीकृष्ण सिंहल ने भूमिका रखते हुए फ़रीदाबाद में मूलभूत आवश्यकताएँ सड़क, बिजली, पानी, सीवर को सुचारू करने का मुद्दा उठाया ! श्रीकृष्ण सिंहल ने बोला कि शहर में हर पार्क में रेन वाटर हार्वेस्टिंग हो, बिजली की तारों को भूमिगत किया जाये ! श्री सिंहल ने ट्रैफ़िक की समस्या एवं व्यवस्था को ठीक करने को लेकर भी बोला] उन्होंने कहा कि फ़रीदाबाद से सीधी मेट्रो कनेक्टिविटी गुरुग्राम, नोएडा, न्यू दिल्ली रेलवे स्टेशन, दिल्ली एयरपोर्ट एवं पलवल के लिए होनी चाहिए ! फ़रीदाबाद में रहने वाले लोगों को चारों तरफ़ दिल्ली, गुरुग्राम, सोहना, पलवल जाने के लिए टोल टैक्स देना पड़ता है, वो हटना चाहिए !
श्री सिंहल ने केंद्रीय मंत्री के सामने फ़रीदाबाद में बस स्टैंड बनाने तथा फ़रीदाबाद से तीर्थ स्थानों कि लिये बसें चलाने की बात रखी ! कार्यक्रम में उपस्थित अन्य लोगों ने भी केंद्रीय मंत्री कृष्णपाल के समक्ष फ़रीदाबाद में आवश्यक सुविधाओं के लिए अपने अपने सुझाव दिये जैसे कि नहर पार में फायर स्टेशन बनाया जाये ! झुग्गी के माध्यम से बड़ती एंक्रोचमेंट रोकी जाए ! सबकी बात सुनने के बाद केंद्रीय मंत्री कृष्णपाल गुर्जर ने कहा कि 2014 से पहले का फ़रीदाबाद एवं आज के फ़रीदाबाद में ज़मीन आसमान का अंतर है ! हमने फ़रीदाबाद के विकास में कोई कसर नहीं छोड़ी है ! इस सरकार की काम करने की नीयत है ! उन्होंने कहा कि फ़रीदाबाद के विकास को लेकर आपने जो चर्चा का कार्यक्रम किया है, ऐसे कार्यक्रम होते रहने चाहिए ! आपके द्वारा उठाये गए मुद्दे एवं दिये गए सुझाव को मैंने नोट कर लिया है, इन सब पर काम किया जायेगा ! कार्यक्रम का संचालन दीपक अग्रवाल अध्यक्ष भारत सेवा प्रतिष्ठान ने किया !
इस मौक़े पर सज्जन जैन, शम्मी कपूर, अजय गुप्ता, गौतम चौधरी, तेजिन्द्र भारद्वाज, आनंद मेहता, ओ पी धामा, डा० सुरेश अरोड़ा, राकेश भाटिया, एन डी नगपाल, डा० पुनीता हसीजा, पूजा बहल, रमा सरना, कपिल मलिक, जगदीश चौधरी, अरुण वालिया, अतुल मंगला, सुरेंद्र बंसल, दीपक ठुकराल एडवोकेट, मनोज रुंगटा, निर्मल माखीजा इत्यादि कई गणमान्य वव्यक्ति मौजूद थे!



