स्वर्गीय पंडित वेदप्रकाश जी की पुण्य स्मृति में टीबी रोगियों को वितरित किया विशेष पोषाहार, टीबी मुक्त भारत का दिया संदेश

फरीदाबाद, 16 अक्टूबर : जिला रेडक्रॉस सोसायटी, फरीदाबाद द्वारा संचालित ‘अन्नदान-महादान मुहिम’ एवं सेवा संकल्प अभियान के अंतर्गत रेडक्रॉस भवन, सेक्टर-12, फरीदाबाद में स्वर्गीय पंडित वेदप्रकाश की पुण्य स्मृति में तपेदिक (टीबी) रोगियों के लिए विशेष पोषाहार वितरण कार्यक्रम आयोजित किया गया। यह कार्यक्रम अंकुश मिगलानी उपाध्यक्ष और डॉ सुनील कुमार महासचिव एवं आयुष सिन्हा, IAS उपायुक्त एवं अध्यक्ष, जिला रेडक्रॉस सोसायटी, फरीदाबाद व सचिव विजेंद्र सौरत के मार्गदर्शन में आयोजित किया गया। कार्यक्रम का मुख्य उद्देश्य टीबी रोगियों को पोषण संबंधी सहायता प्रदान करना, उन्हें नियमित उपचार के प्रति जागरूक करना तथा टीबी मुक्त भारत के लक्ष्य की प्राप्ति में सामाजिक सहभागिता को प्रोत्साहित करना रहा।
कार्यक्रम में मुख्य अतिथि के रूप में हन्नी बंसल, एसडीएम फरीदाबाद उपस्थित रहे। उन्होंने जिला रेडक्रॉस सोसायटी द्वारा संचालित इस जनकल्याणकारी पहल की सराहना करते हुए कहा कि टीबी एक उपचार योग्य बीमारी है। रोगियों को चिकित्सक की सलाह के अनुसार नियमित रूप से दवाइयों का पूरा कोर्स लेना चाहिए तथा पौष्टिक आहार और समय-समय पर स्वास्थ्य जांच पर विशेष ध्यान देना चाहिए। उन्होंने आश्वासन दिया कि जिला रेडक्रॉस सोसायटी द्वारा भविष्य में भी टीबी रोगियों के लिए ऐसे कार्यक्रम आयोजित किए जाने पर लायंस क्लब फरीदाबाद डैफोडिल की ओर से हरसंभव सहयोग प्रदान किया जाएगा।

कार्यक्रम में विशिष्ट अतिथि के रूप में नेहा बंसल, संरक्षक, जिला रेडक्रॉस सोसायटी, फरीदाबाद ने शिरकत की। उन्होंने अपने संबोधन में कहा कि भारत को टीबी मुक्त बनाने का लक्ष्य समाज के प्रत्येक वर्ग की सक्रिय भागीदारी से ही प्राप्त किया जा सकता है। सामाजिक एवं स्वयंसेवी संस्थाएं इस दिशा में महत्वपूर्ण भूमिका निभा सकती हैं। उन्होंने जरूरतमंद रोगियों की सहायता, पोषण संबंधी सहयोग और स्वास्थ्य जागरूकता को बढ़ावा देने के लिए सामूहिक प्रयासों की आवश्यकता पर बल दिया।
सम्मानित अतिथि के रूप में उपस्थित अनिल अरोड़ा, डिस्ट्रिक्ट गवर्नर (2022-23) ने कहा कि टीबी का समय पर निदान, नियमित दवा सेवन, संतुलित एवं पौष्टिक आहार तथा चिकित्सकीय परामर्श के अनुसार स्वास्थ्य जांच अत्यंत आवश्यक हैं। उन्होंने रोगियों को उपचार के दौरान किसी भी प्रकार की लापरवाही न बरतने की सलाह दी तथा सभी रोगियों के शीघ्र स्वस्थ होने की कामना की।
विशेष अतिथि डॉ. एम.पी. सिंह, आजीवन सदस्य, जिला रेडक्रॉस सोसायटी, फरीदाबाद ने अपने संबोधन में कहा कि टीबी जैसी गंभीर बीमारी से लड़ने में नियमित दवाइयों के साथ संतुलित एवं पौष्टिक आहार भी महत्वपूर्ण भूमिका निभाता है। उन्होंने कहा कि जरूरतमंद रोगियों को पोषण संबंधी सहायता उपलब्ध करवाना समाज की सामूहिक जिम्मेदारी है। ऐसे सेवा कार्य रोगियों का मनोबल बढ़ाते हैं और उन्हें स्वस्थ जीवन की ओर आगे बढ़ने के लिए प्रेरित करते हैं।
प्रताप सिंह, अधिवक्ता एवं आजीवन सदस्य, जिला रेडक्रॉस सोसायटी, फरीदाबाद ने टीबी से बचाव एवं उपचार के प्रति जागरूकता पर जोर दिया। उन्होंने कहा कि रोगियों को घरेलू नुस्खों पर निर्भर रहने के बजाय चिकित्सीय सलाह के अनुसार उपचार लेना चाहिए। साथ ही, संतुलित आहार, स्वच्छता और स्वास्थ्य संबंधी सावधानियों का पालन करना चाहिए, ताकि रोग से बचाव और उपचार में सहायता मिल सके।
संदीपन जी और अनिल कुमार मुदगिल ने टीबी रोगियों के लिए आयोजित पोषाहार वितरण कार्यक्रम की सराहना करते हुए कहा कि जरूरतमंद रोगियों को पौष्टिक आहार एवं आवश्यक सहयोग उपलब्ध करवाना एक सराहनीय सामाजिक पहल है। उन्होंने कहा कि टीबी मुक्त भारत के लक्ष्य को साकार करने के लिए समाज के प्रत्येक वर्ग, शैक्षणिक संस्थानों एवं सामाजिक संगठनों को मिलकर प्रयास करने चाहिए। उन्होंने ऐसे कार्यक्रमों को सामाजिक उत्तरदायित्व और मानवीय संवेदनाओं का प्रतीक बताया।
अजय सोमवंशी, सीएसआर हेड, विक्टोरा टेक्नोलॉजीज प्राइवेट लिमिटेड ने कहा कि टीबी एक गंभीर, लेकिन उपचार योग्य बीमारी है। समय पर जांच, नियमित दवा सेवन और पर्याप्त पोषण से रोगियों को स्वस्थ होने में सहायता मिलती है। उन्होंने समाज के सक्षम व्यक्तियों एवं संस्थाओं से अपील की कि वे आगे आकर टीबी रोगियों को गोद लेने तथा उनके उपचार एवं पोषण में सहयोग देने के लिए अपनी भागीदारी सुनिश्चित करें।
कार्यक्रम संयोजक पुरषोत्तम सैनी, जिला रेडक्रॉस सोसायटी, फरीदाबाद ने उपस्थित टीबी रोगियों को टीबी मुक्त भारत के संकल्प के प्रति जागरूक किया तथा उन्हें नियमित दवा सेवन, चिकित्सकीय परामर्श और स्वास्थ्य संबंधी सावधानियों का पालन करने की शपथ दिलवाई। उन्होंने रोगियों से संवाद कर उनका मनोबल बढ़ाया और उपचार के प्रति सकारात्मक सोच अपनाने का आह्वान किया। उन्होंने कहा कि टीबी मुक्त भारत के लक्ष्य को प्राप्त करने के लिए प्रत्येक व्यक्ति की जागरूकता और सहभागिता आवश्यक है।
कुमारी मधु भाटिया, जिला तपेदिक समन्वयक ने बताया कि टीबी प्रोजेक्ट के अंतर्गत कार्यरत स्वयंसेवक समय-समय पर रोगियों को परामर्श प्रदान करते हैं तथा उन्हें नियमित रूप से दवाइयों का सेवन करने और उपचार का पूरा कोर्स करने के लिए प्रेरित करते हैं। उन्होंने बताया कि रोगियों को उचित मार्गदर्शन प्रदान करना और उपचार के प्रति उनकी जागरूकता बढ़ाना परियोजना का महत्वपूर्ण हिस्सा है।
कार्यक्रम का संचालन हिमांशु भट्ट, प्राथमिक चिकित्सा प्रवक्ता, जिला रेडक्रॉस सोसायटी, फरीदाबाद ने किया। उन्होंने कार्यक्रम में उपस्थित अतिथियों एवं सहयोगियों का आभार व्यक्त किया।
इस अवसर पर विमल खंडेलवाल, संरक्षक, जिला रेडक्रॉस सोसायटी, फरीदाबाद ने संस्था की मानवीय सेवाओं की सराहना करते हुए कहा कि रेडक्रॉस जरूरतमंद लोगों की सहायता, स्वास्थ्य जागरूकता और सामाजिक कल्याण के कार्यों में निरंतर योगदान दे रही है। उन्होंने कहा कि समाज के कमजोर एवं जरूरतमंद वर्गों की सहायता करना प्रत्येक नागरिक का नैतिक दायित्व है।
कार्यक्रम को सफल बनाने में रामबरन यादव, केशव कुमार, युवराज, सुमित, संजू, परवीन, रानी, प्रेम, कमलेश, बलराम, बृजमोहन शर्मा सहित जिला रेडक्रॉस सोसायटी के अन्य कर्मचारियों ने पूर्ण सहयोग दिया।
जिला रेडक्रॉस सोसायटी, फरीदाबाद की इस पहल के माध्यम से टीबी रोगियों को पोषण संबंधी सहायता प्रदान करने के साथ-साथ नियमित उपचार, स्वास्थ्य जागरूकता और सामाजिक सहभागिता का संदेश दिया गया। कार्यक्रम ने टीबी मुक्त भारत के लक्ष्य की प्राप्ति में समाज के प्रत्येक वर्ग की भूमिका को रेखांकित किया।



