हरियाणा सरकार की ब्याज माफी योजना का लाभ उठाएं : सोनल गोयल

फरीदाबाद, 6 दिसम्बर। फरीदाबाद नगर निगम की आयुक्त सोनल गोयल ने करदाताओं से अपील की है कि वे अपने बकाया सम्पत्ति कर की मूल राशि को एकमुश्त जमा करवाकर के हरियाणा सरकार की ब्याज माफी योजना का लाभ उठाएं। उन्होंने कहा कि हरियाणा सरकार, शहरी स्थानीय निकाय विभाग के द्वारा गत 5 सितम्बर को जारी की गई अधिसूचना के अनुसार वर्ष 2010-11 से 2018-19 तक की सम्पत्ति कर की राशि आगामी 31 दिसम्बर तक एकमुश्त जमा करने पर ब्याज माफी का प्रावधान है। इसके इलावा वर्ष 2019-20 के सम्पत्ति कर की राशि जमा करने पर 10 प्रतिशत की छूट भी करदाताओं को दी जा रही है। उन्होंने कहा कि यदि सरकार की ब्याज माफी योजना के बावजूद करदाता अपने बकाया कर की राशि जमा नहीं करवाते है तो हरियाणा नगर निगम अधिनियम 1994 के प्रावधानों के तहत उनसे न केवल 18 प्रतिशत ब्याज की दर से वसूली की जाएगी बल्कि इस अधिनियम के प्रावधानों के तहत उनकी सम्पत्ति को सील करने के साथ-साथ अन्य कानूनी कार्यवाही करने के आदेश सभी संयुक्त आयुक्तों को दे दिए गए है।
निग्मायुक्त ने बताया कि सरकार की उक्त ब्याज माफी योजना का लाभ अधिक से अधिक करदाता उठाएं – यह सुनिश्चित करने के लिए निगम के कराधान विभाग के द्वारा बड़े बकायेदारों को 1.04.2010 से लेकर 31.03.2019 तक की मूल राशि और इसी अवधि के ब्याज की राशि का विवरण का उल्लेख करते हुए नोटिस भेजे जा रहे है, जिससे कि ऐसे करदाताओं को सरकार की ब्याज माफी योजना के तहत मिलने वाले लाभ का पता लग सकें। उन्होंने ऐसे सभी करदाताओं से अपील की है कि यदि उन्हें ये नोटिस अभी तक नहीं मिले है तो वे संबंधित क्षेत्रिय एवं कर अधिकारी के कार्यालय में जाकर ये नोटिस प्राप्त कर सकते है। उन्होंने बताया कि अभी तक दस हजार से अधिक ऐसे बकायेदारों को नोटिस भेजे जा चुके हैं। उन्होंने बताया कि सम्पत्ति कर की कुल बकाया लगभग 239 करोड़ रूपये की राशि में से लगभग 39 करोड़ रूपये की राशि सरकारी विभागों की ओर बकाया है जबकि 33 करोड़ की राशि निगम क्षेत्र में पड़ने वाले गांवों के करदाताओं की ओर बकाया है। सरकारी विभागों में दक्षिणी हरियाणा बिजली वितरण निगम की ओर लगभग 4.24 करोड़, हरियाणा पर्यटन विभाग की ओर 1.42 करोड़, हुडा की ओर 3.53 करोड़, पुलिस विभाग की ओर 9.17 करोड़, बीएसएनएल व डाक विभाग की ओर 9.25 करोड़, लोक निर्माण विभाग की ओर 4.98 करोड़, केन्द्र व राज्य सरकार के अन्य विभागों की ओर 2.73 करोड़, डीसीए क्लब की ओर 1.76 करोड़, नाहर सिंह स्टेडियम की ओर 1.68 करोड़ रूपये की राशि 31.03.2019 तक सम्पत्ति कर की बकाया पड़ी हुई है, जिसकी वसूली के लिए इन विभागों से निरंतर संपर्क किया जा रहा है।



