फरीदाबाद पुलिस की सामुदायिक पुलिसिंग सेल का जागरूकता अभियान

नारायणा ई-टेक्नो स्कूल में लगभग 1000 विद्यार्थियों को साइबर सुरक्षा, नशा मुक्ति, महिला सुरक्षा एवं यातायात नियमों की दी जानकारी

फरीदाबाद : पुलिस आयुक्त सतेंद्र कुमार गुप्ता के मार्गदर्शन में फरीदाबाद पुलिस द्वारा समाज में जागरूकता बढ़ाने के उद्देश्य से लगातार जनहित अभियान चलाए जा रहे हैं। इसी क्रम में सोमवार को फरीदाबाद पुलिस की सामुदायिक पुलिसिंग सेल द्वारा नारायणा ई-टेक्नो स्कूल, सेक्टर-77, फरीदाबाद में एक व्यापक नशा मुक्ति एवं साइबर जागरूकता कार्यक्रम का आयोजन किया गया। कार्यक्रम में विद्यालय के लगभग 1000 विद्यार्थियों, शिक्षकों एवं विद्यालय प्रबंधन ने भाग लिया।

कार्यक्रम का उद्देश्य विद्यार्थियों को वर्तमान समय में तेजी से बढ़ रहे साइबर अपराधों, नशे के दुष्प्रभावों, महिला सुरक्षा, यातायात नियमों के पालन तथा एक जिम्मेदार नागरिक के रूप में उनकी भूमिका के प्रति जागरूक करना था। फरीदाबाद पुलिस के अधिकारियों ने विद्यार्थियों को बताया कि जागरूकता और सतर्कता अपनाकर अधिकांश अपराधों से बचा जा सकता है।

कार्यक्रम के दौरान निरीक्षक सुनीता, प्रभारी सामुदायिक पुलिसिंग सेल, फरीदाबाद ने कहा कि आज के डिजिटल युग में साइबर अपराधियों द्वारा लोगों को ठगी का शिकार बनाने के लिए लगातार नए-नए तरीके अपनाए जा रहे हैं। उन्होंने विद्यार्थियों को ऑनलाइन गेमिंग, फर्जी लोन ऐप, निवेश के नाम पर ठगी, टेलीग्राम एवं व्हाट्सएप टास्क फ्रॉड, केवाईसी अपडेट, डिजिटल अरेस्ट, सोशल मीडिया हैकिंग, फर्जी कस्टमर केयर नंबर, फिशिंग लिंक तथा क्यूआर कोड स्कैन जैसी साइबर धोखाधड़ी के तरीकों के बारे में विस्तार से जानकारी दी।

विद्यार्थियों को बताया गया कि किसी भी परिस्थिति में अपना ओटीपी, बैंक खाता विवरण, एटीएम/डेबिट कार्ड नंबर, सीवीवी, यूपीआई पिन या अन्य गोपनीय जानकारी किसी के साथ साझा न करें। किसी भी अज्ञात लिंक पर क्लिक करने, अनजान ऐप डाउनलोड करने अथवा लालच देने वाले ऑनलाइन ऑफर पर भरोसा करने से बचें। सोशल मीडिया का जिम्मेदारीपूर्वक उपयोग करें, मजबूत एवं अलग-अलग पासवर्ड रखें। वरिष्ठ नागरिक अपने बैंक में संपर्क ड्यूल ओटीपी सिस्टम को लागू करवायें।

कार्यक्रम के दौरान विद्यार्थियों को यह भी बताया गया कि यदि वे किसी भी प्रकार की साइबर ठगी का शिकार हो जाते हैं तो बिना समय गंवाए राष्ट्रीय साइबर हेल्पलाइन नंबर 1930 पर शिकायत दर्ज कराएं तथा www.cybercrime.gov.in पोर्टल पर ऑनलाइन शिकायत करें, ताकि समय रहते कार्रवाई कर ठगी गई राशि को रोका जा सके।

नशा पर जानकारी देते हुए निरीक्षक सुनीता ने कहा कि नशा केवल व्यक्ति के स्वास्थ्य को ही नहीं, बल्कि उसके परिवार, शिक्षा, करियर और पूरे समाज को प्रभावित करता है। उन्होंने विद्यार्थियों से अपील की कि वे किसी भी प्रकार के नशे से दूर रहें, अपने मित्रों एवं परिवार के सदस्यों को भी नशा न करने के लिए प्रेरित करें तथा यदि किसी क्षेत्र में नशा बेचने या सेवन करने की जानकारी मिले तो तुरंत पुलिस को सूचित करें। उन्होंने कहा कि युवाओं की ऊर्जा शिक्षा, खेल, सामाजिक कार्यों और राष्ट्र निर्माण में लगनी चाहिए।

महिला सुरक्षा के संबंध में विद्यार्थियों को विभिन्न सुरक्षा उपायों, कानूनों तथा हेल्पलाइन नंबरों की जानकारी दी गई। साथ ही बालकों एवं बालिकाओं को लैंगिक समानता, सम्मानजनक व्यवहार तथा किसी भी प्रकार के उत्पीड़न की स्थिति में बिना झिझक पुलिस एवं अभिभावकों से संपर्क करने के लिए प्रेरित किया गया।

यातायात सुरक्षा पर विशेष जोर देते हुए विद्यार्थियों को सड़क पर चलते समय यातायात नियमों का पालन करने, हेलमेट एवं सीट बेल्ट का अनिवार्य रूप से उपयोग करने, नाबालिग अवस्था में वाहन न चलाने, मोबाइल फोन का प्रयोग करते हुए वाहन न चलाने तथा सड़क पार करते समय सावधानी बरतने के बारे में विस्तार से जानकारी दी गई।

कार्यक्रम के समापन पर सभी विद्यार्थियों को नशा मुक्ति की सामूहिक शपथ दिलाई गई। विद्यार्थियों ने संकल्प लिया कि वे स्वयं कभी किसी प्रकार का नशा नहीं करेंगे, अपने मित्रों एवं परिवार के सदस्यों को भी नशे से दूर रहने के लिए प्रेरित करेंगे तथा समाज को सुरक्षित और नशामुक्त बनाने में अपनी सक्रिय भागीदारी निभाएंगे।

फरीदाबाद पुलिस ने आमजन से भी अपील की है कि साइबर अपराध, नशा तस्करी अथवा किसी भी प्रकार की संदिग्ध गतिविधि की सूचना तुरंत पुलिस को दें। जनसहयोग और जागरूकता के माध्यम से ही अपराध मुक्त, सुरक्षित और नशामुक्त समाज का निर्माण संभव है।

Related Articles

Back to top button
error: Content is protected !!