हार्ट अटैक अचानक नहीं आता, महीनों से दिल में चल रही बीमारी का नतीजा : डॉ. ऋषि गुप्ता
विश्व स्वास्थ्य दिवस

फरीदाबाद (मनीष शर्मा) : विश्व स्वास्थ्य दिवस के मौके पर ग्रेटर फरीदाबाद स्थित सेक्टर-86 के एकॉर्ड अस्पताल में हृदय रोगों को लेकर जागरूकता कार्यक्रम का आयोजन किया गया। इस अवसर पर अस्पताल के कार्डियोलॉजी डिपार्टमेंट के चेयरमैन एवं वरिष्ठ हृदय रोग विशेषज्ञ डॉ. ऋषि गुप्ता ने बताया कि हार्ट अटैक अचानक नहीं आता, बल्कि यह महीनों या वर्षों से दिल में चल रही बीमारी का नतीजा होता है। उन्होंने कहा कि जैसे ज्वालामुखी अचानक फटता है, लेकिन उसके अंदर हलचल बहुत पहले से शुरू हो चुकी होती है, वैसे ही दिल की बीमारी भी धीरे-धीरे पनपती है।
उन्होंने बताया कि सीने में उठने वाले दर्द, सांस फूलने, थकावट और घबराहट जैसे लक्षणों को नज़रअंदाज नहीं करना चाहिए। यदि समय रहते इन पर ध्यान दिया जाए, तो 90 प्रतिशत मामलों में हार्ट अटैक से बचा जा सकता है।
विश्व स्वास्थ्य दिवस हर साल 7 अप्रैल को मनाया जाता है। इस वर्ष इसका फोकस खास तौर पर हृदय स्वास्थ्य पर रखा गया है। हृदय रोग आज विश्वभर में मौत का सबसे बड़ा कारण बन चुके हैं। इनमें कोरोनरी आर्टरी डिजीज, हाई ब्लड प्रेशर, हार्ट अटैक और स्ट्रोक जैसी बीमारियाँ शामिल हैं, जो अधिकतर खराब जीवनशैली से जुड़ी होती हैं।
डॉ. ऋषि गुप्ता ने कहा कि हृदय रोगों से बचाव संभव है, बशर्ते समय पर इनकी पहचान की जाए और जीवनशैली में जरूरी बदलाव किए जाएं। उन्होंने बताया कि नियमित जांच, संतुलित आहार और व्यायाम से हृदय को स्वस्थ रखा जा सकता है। उन्होंने कहा कि दिल की सेहत को नजरअंदाज न करें और अपने दैनिक जीवन में सकारात्मक आदतें अपनाकर हृदय रोगों से खुद को सुरक्षित रखें।
हृदय रोगों से बचाव के उपाय:
-ओमेगा-3 फैटी एसिड, फल, सब्जियाँ और अनाज को आहार में शामिल करें।
-रोजाना कम से कम एक घंटे का व्यायाम करें।
-योग, ध्यान और गहरी सांस जैसी तकनीकें अपनाएं।
-समय-समय पर हृदय संबंधी जांच कराते रहें।



