“निजीकरण भगाओ बिजली का महकमा बचाओ” आंदोलन के तहत हरियाणा बिजली कर्मचारियों की हड़ताल जारी

फरीदाबाद : “निजीकरण भगाओ बिजली का महकमा बचाओ” आंदोलन के तहत बिजली निगम कर्मचारियों दवारा समूचे हरियाणा प्रदेश में जारी तीन दिवसीय (22, 23, 24 अक्तूबर) राज्यव्यापी हड़ताल को लेकर हरियाणा बिजली कर्मचारी एवं इंजीनियर संयुक्त संघर्ष मोर्चा प्रदेश कमेटी के आव्हान पर फरीदाबाद सेक्टर-23 डीएचबीवीएन मुख्य सर्कल कार्यालय के प्राँगण में एएचपीसी वर्कर यूनियन के सर्कल सचिव कृष्ण कालीरमन की अध्यक्षता में भारी संख्या के साथ तमाम हड़ताली कर्मचारी इकट्ठा हुए, इस दौरान कर्मचारियों के प्रदर्शन मंच का संचालन एचएसईबी वर्कर यूनियन के सर्कल सचिव लेखराज चौधरी ने किया ।

कर्मचारी नेताओं में प्रदेश कमेटी से शब्बीर अहमद गनी ने अपने संबोधन में बताया कि गुरूग्राम और नूंह जिले का प्रवेटाइजेशन करने को लेकर आवंटित पैरलल लाइसेंस देने पर बिजली मंत्री, मुख्यमंत्री हरियाणा व बीजेपी सरकार के खिलाफ अपना आक्रोश जाहिर करते हुए गगनभेदी नारे लगाते हुए अपना गुस्सा जताया और अपने स्पष्ट शब्दों में कह दिया है कि जब तक ये लाइसेंस रद्द नही किया जाता तब तक बिजली कर्मचारियों की हड़ताल और उनका ये आंदोलन बदस्तूर जारी रहेगा । प्रदेश में निजीकरण की प्रक्रिया और सरकार की इस पहली चोट का बिजली कर्मचारी माकूल जवाब देने को तैयार है फिर चाहे इसके लिये यह हड़ताल कितनी ही लम्बी क्यों ना करनी पड़ जाये, इसके लिये अब बिजली के महकमें को बचाने में पीछे नही हटेगा ।
आज प्रदेश सरकार अपनी पल्लेदारी झाड़ते हुए अपने नजदीकी पूंजीपतियों को मुनाफा देने के चक्कर आम जनमानस से जुड़े सार्वजनिक क्षेत्रो को धीरे धीरे बेचने पर तुली हुई है । जिसके ना बेचे जाने के विरोध में प्रदेश का लाखों कर्मचारी हड़ताल की राह पर है । हरियाणा के बिजली मंत्री अनिल विज के दवारा पूर्व में संयुक्त संघर्ष मोर्चा से अपने वायदे पर खरा ना उतरने से नाराज बिजली कर्मचारियों के सब्र का बाँध अब पूरी तरह से टूट चुका है और वो अपने जायज हकों की इस लड़ाई में हड़ताल के माध्यम से सरकार की वायदाखिलाफी कथनी और करनी के फर्क का विरोध कर रहे हैं ।



