विश्व हस्त प्रक्षालन दिवस पर सैंट जॉन एम्बुलेंस ब्रिगेड, जूनियर रेडक्रॉस और गाइडस ने स्वच्छता जागरूकता अभियान चलाया

फरीदाबाद ! राजकीय कन्या वरिष्ठ माध्यमिक विद्यालय एन एच तीन फरीदाबाद में प्राचार्य रविन्द्र कुमार मनचन्दा की अध्यक्षता में विश्व हस्त प्रक्षालन दिवस पर सैंट जॉन एम्बुलेंस ब्रिगेड, जूनियर रेडक्रॉस और गाइडस ने स्वच्छता जागरूकता अभियान चलाया। प्राचार्य रविन्द्र कुमार मनचन्दा ने कहा कि विश्व हस्त प्रक्षालन दिवस अर्थात ग्लोबल हैंड वॉशिंग डे प्रति वर्ष 15 अक्टूबर को मनाया जाता है जो साबुन के साथ हाथ धोने, कोरोना एवं बीमारियों से बचाव और जीवन की सुरक्षा के लिए एक आसान, प्रभावी और बेहतर उपाय के रूप में जागरूकता बढ़ाने और समझने के लिए समर्पित है।
प्राचार्य रविन्द्र कुमार मनचन्दा ने बताया कि बाहर से आने पर, खाना बनाने या खाना खाने से पहले और शौच के बाद साबुन से हाथ धोने से तेज श्वास संक्रमण, और डायरिया की दर को बहुत अधिक कम किया जा सकता हैं। एक अध्ययन से पता चलता है कि बच्चों का प्रसव कराने वाले व माताओं के साबुन से हाथ धोने से नवजात शिशु के जीवित रहने की संभावना तक बढ़ जाती हैं। ग्लोबल हैंड वॉशिंग डे का सरकारों, अंतर्राष्ट्रीय संस्थानों, गैर-सरकारी संगठनों, निजी कंपनियों और व्यक्तियों की एक विस्तृत श्रेणी के द्वारा समर्थन किया गया है। हाथ धोना एक सरल लेकिन बहुत ही महत्वपूर्ण व्यवहार है, कोरोना काल में अपने आप को संक्रमण से बचाने के लिए भी यह बहुत ही आवश्यक है।इसे मनाने का उद्देश्य यह है कि लोगों को अपने कुछ दैनिक कार्यों को करने से पहले व बाद में हाथ धोने के प्रति जागरूक करना। वैसे तो हमें बचपन से ही स्कूल में सिखाया जाता है।
ब्रिगेड अधिकारी, जूनियर रेडक्रॉस काउन्सलर और प्राचार्य रविन्द्र कुमार मनचन्दा ने कहा कि किन कामों को करते हुए हाथ धोना है, याद रखना चाहिए। कोरोना महामारी में तो स्वच्छ रहने और हाथ धोते रहने का विशेष महत्व है, हाथ धोने की आदत हमें हमारे घर पर भी डाली जाती है, फिर भी इसके कई बार लोग जल्दबाजी व आलस्य के कारण हाथ धोने में लापरवाही करते हैं। प्राचार्य रविन्द्र कुमार मनचन्दा ने कहा कि जब भी हम हाथ धोते है तो हाथों से कीटाणु व बैक्टीरिया समाप्त हो जाते है क्योंकि हमारे आस-पास ढेरों कीटाणु और बैक्टीरिया होते हैं जो हमें दिखाई नहीं देते हैं। हम दिनभर कई चीजों का प्रयोग करने के लिए उन्हें छूते हैं जिस वजह से हमारे हाथों में बहुत गंदगी जमा हो जाती है। यदि हाथों को बिना धोए हम भोजन करे व आंखों में लगाए तो इन्फेक्शन और बीमारियां हो सकती है। प्राचार्य रविन्द्र कुमार मनचन्दा, प्राध्यापिका ललिता, जसनीत कौर तथा पूनम ने छात्राओं निशा, अंजलि, हर्षिका, चंचल, ताबींदा, गुलबहार, निशा कुमारी और नेहा को हाथ धोने के स्वच्छ और उचित तरीके से अवगत करवाया और इन बालिकाओं द्वारा बनाए गए पोस्टर्स की सराहना की।



