कामकाजी महिलाएं भी अपने बच्चों को स्तनपान कर सकती हैं : डॉ. श्वेता मेंदिरत्ता

हर साल मई माह का दूसरा रविवार दुनियाभर में मदर्स डे के रूप मे मनाया जाता है। एक माँ अपने घर एवं परिवार की ज़िम्मेवारियों को पूरा करने के दौरान अक्सर अपने स्वास्थ्य की अनदेखी कर जाती है। कामकाजी महिलाओं में एंग्जायटी, स्ट्रेस, मानसिक दबाव आदि समस्याएँ अन्य महिलाओं की तुलना में ज्यादा देखी जाती हैं क्योंकि उन्हें ऑफिस के काम के साथ-साथ अपना घर भी संभालना होता है इसलिए उनके लिए चुनौतियाँ दो गुनी बढ़ जाती हैं। आज बहुत सारी माँ है जो कामकाजी हैं, उन्हें अपने बच्चे की देखभाल एवं स्तनपान को लेकर काफी चिंता होती है। इस संबंध में महत्वपूर्ण जानकारी देते हुए मैरिंगो एशिया हॉस्पिटल्स में ऑब्स्टेट्रिक्स एवं गायनोकॉलोजी विभाग की एसोसिएट क्लीनिकल डायरेक्टर एवं हेड यूनिट-2 डॉ. श्वेता मेंदिरत्ता ने कहा कि 6 महीने तक के बच्चे को पूर्ण रूप से माँ का दूध दिया जाना चाहिए और 6 महीने से ऊपर के बच्चे को पौष्टिक खाने के साथ साथ माँ का दूध मिलना बहुत जरूरी है। क्योंकि माँ के दूध में बच्चे के लिए आवश्यक सभी पोषक तत्व मौजूद होते हैं। स्तनपान बच्चे के लिए सम्पूर्ण विकास और ब्रेन के डेवलपमेंट के लिए बहुत जरूरी है। इससे बच्चे को तो एक अच्छी ग्रोथ और इम्युनिटी मिलती ही है, साथ ही माँ को भी बहुत सारी हार्मोनल समस्याओं और कैंसर से सुरक्षा मिलती है। लेकिन खासकर कामकाजी माँ के लिए ये सब कर पाना कई बार थोडा मुश्किल हो जाता है इसलिए जरूरी बन जाता है कि एम्प्लायर द्वारा इन महिलाओं के लिए वर्किंग आवर में कुछ बदलाव किए जाएं और ऑफिस में ब्रेस्टफीडिंग कार्नर की सुविधा दी जाए ताकि कामकाजी महिलाओं अपने बच्चे को सुनिश्चित रूप से दूध पिला सके।

वर्किंग माँ को अपने बच्चे को दूध पिलाना बंद नहीं करना चाहिए और न ही बच्चे को ऊपर का दूध देना चाहिए। आप अपने बच्चे को दूध पिलाने के बाद भी अपने दूध को स्टील के साफ गिलास या स्टील के अन्य बर्तन में निकाल सकती हैं और इकट्ठा करके रेफ्रिजरेटर में करीब 16 घंटे तक सुरक्षित रख सकती हैं। आपके जॉब पर जाने के बाद परिवार का कोई भी सदस्य उस दूध को गर्म करके चम्मच से बच्चे को पिला सकता है। दूध सामान्य तापमान पर रखने पर 6-7 घंटे तक खराब नहीं होता है। ऑफिस से आने के बाद आप खुद बच्चे को स्तनपान करा सकती हैं। स्तनपान के दौरान माँ को साफ-सफाई का विशेष ध्यान रखना चाहिए। माँ को भी संतुलित भोजन पर्याप्त मात्रा में खाना चाहिए। अगर स्तन में कोई समस्या है तो फिर डॉक्टर से संपर्क करना चाहिए।

Related Articles

Back to top button
error: Content is protected !!