यूगांडा की एलीनडा जोसलीन की स्टाल पर लोगों का मन मोह रही हैं घरेलू उपयोग की वस्तुएं

फरीदाबाद : न्यूजपेपर से तैयार की गई ट्रे व यूगांडा की संस्कृति को दृशाता मुखोटा सूरजकुंड मेले में आने वालों को अपनी ओर आकर्षित कर रहा है। यूगांडा देश से आए यूगांडा आर्ट एंड क्राफ्ट एसोसिएशन के सदस्य मेले में अपनी संस्कृति व वन्य जीवों से संबंधित हैंडिक्राफ्ट का सामाना लेकर आए हैं।
सूरजकुंड मेले में नैशनल आर्ट एंड कल्चर क्राफ्टस एसोसिएशन ऑफ यूगांडा की संस्कृति और वन्य जीवन को दृशाते मनमोहक सजावटी व घरेलू उपयोग की वस्तुओं से भरपूर स्टॉल लोगों का मन मोह रही है। मेला ग्राऊंड के जोन 5 में स्टाल नम्बर 945 पर यूगांडा से आई एलीनडा जोसलीन ने बताया कि वे इस मेले में लगातार तीसरी बार आई हैं। उनकी स्टाल पर यूगांडा के वन्य जीवन से संबंधित अनेक प्रकार के सजावटी वस्तुएं हैं जो लकड़ी, जूट इत्यादि से हाथों से तैयार की गई हैं। उन्होंने बताया कि उनकी स्टाल पर इस बार पुराने अखबार से तैयार की गई ट्रे है, जो हाथों से ही तैयार की जाती है। उन्होंने बताया कि घर में प्रयोग की जाने वाली यह टे्र पुराने न्यूज पेपर के पेज की पतली-पतली तिल्लियां बनाकर तैयार की जाती है।
एलीनडा ने बताया कि उनके देश में वन्य जीवों के प्रति लोगों में संवेदनशीलता भरने के इस प्रकार के सजावटी सामान तैयार किए जाते हैं। यूगांडा के वन्य जीवों में गोरिला सबसे लोकप्रिय है। गोरिला की मूर्तियां लकड़ी से तैयार की जाती हैं। इसके अलावा उनकी संस्कृति से संबंधित पारम्परिक वेशभूषा में पुरूष व महिला की मूर्तियां भी तैयार की गई है, जो घर में सजावट के तौर पर प्रयोग की जाती है।



